क्रमशः ताकतवरों को
कमजोर कर देना
यह तो प्रभुखौफ बताने वाले किया करतेहैं
अभूतपूर्व प्रशंसक
विरोधियों के हो जावो
समक्ष दुनिया के सदैव भारी प्रशंसक रहेहो
कहा किसी ने सही वक्त पर सही चोट से
बात हजम न होगी कहीं कि चोटकर्ता तुम
इस प्रस्तुति में उक्त कही बातें क्या उचित
सफल जीवन का विचारा सुखद सूत्र नही हैं
गर चोट करोगे तो कर्ज चुकाने आना होगा
जीने का प्रोत्साहन दोगे तो जगदीवाना होगा
मैं तो कहता न जग को दीवाना बनायें आप
नही जीवन को कुरूक्षेत्र बनायें चलें राह नाप
-------- पथिक अनजाना( सतनाम सिंह साहनी)
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